मुंबई : महाशिवरात्रि के मौके पर एकनाथ शिंदे की शिवसेना के विधायक और पूर्व मंत्री अब्दुल सत्तार के छत्रपति संभाजीनगर के सिल्लोड स्थित नागेश्वर मंदिर जाने का सोशल मीडिया में वीडियो जारी हुआ है। वीडियो को देख बीजेपी के कार्यकर्ताओं ने पूर्व मंत्री अब्दुल सत्तार के शिव मंदिर में जाने पर आपत्ति जताई और मंदिर के ‘शुद्धिकरण’ के लिए गोमूत्र से मंदिर को धुलवाया गया।
बीजेपी की सिल्लोड इकाई के प्रमुख मनोज मोरेलू ने सोमवार को पत्रकारों से बातचीत में कहा कि उन्होंने मंदिर की पवित्रता को भंग किया है। इसलिए हमने इसे शुद्ध करने के लिए गोमूत्र छिड़का। उन्होंने आरोप लगाया कि वह मुसलमानों और हिंदुओं, दोनों को बेवकूफ बना रहे हैं। उन्होंने कहा कि वह हाल में हज पर गए थे और अब मंदिर जा रहे हैं।
दूसरी ओर इस मामले में शिंदे सेना के नेता संजय निरुपम ने कहा कि शिव सबके हैं और सर्वव्यापी हैं। अगर अब्दुल सत्तार महाशिवरात्रि पर शिव का दर्शन करने गए, तो इस पर विरोध व्यर्थ है।
समाजवादी पार्टी के विधायक अबू आजमी ने कहा कि अब्दुल सत्तार हमेशा अपने गैर-मुस्लिम भाइयों को खुश रखने की कोशिश करते हैं। उन्हें खुश रखने का मतलब यह नहीं है कि आप मुसलमान होकर मंदिर में पूजा करें या कोई हिंदू मस्जिद में नमाज पढ़े। धर्मनिरपेक्षता का अर्थ है यह है कि मंदिर जाने वाले मंदिर में पूजा करे और मस्जिद जाने वाला मस्जिद में नमाज पढ़े। हर किसी को अपने धर्म का पालन करना चाहिए। दूसरे धर्म का सम्मान करते हुए उनकी इज्जत करें। ये दिखावे का सेक्युलरिज्म है कि आप मंदिर में जाकर पूजा कर रहे हैं और आप मुसलमान हैं।