
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, हादसे में कई श्रद्धालु गंभीर रूप से घायल हुए हैं। स्थानीय प्रशासन, पुलिस, दमकल विभाग और राहत-बचाव दल मौके पर पहुंचकर मलबा हटाने और फंसे लोगों को निकालने के कार्य में जुट गए। घायलों को तत्काल नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया है।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, मंदिर परिसर में धार्मिक आयोजन चल रहा था और श्रद्धालुओं की भारी भीड़ मौजूद थी। इसी दौरान सभा मंडप की छत अचानक ढह गई। छत गिरते ही लोगों में चीख-पुकार मच गई और भगदड़ जैसी स्थिति उत्पन्न हो गई।
कुछ मीडिया रिपोर्टों में मृतकों और घायलों की संख्या को लेकर अलग-अलग आंकड़े सामने आए हैं। ताज़ा रिपोर्ट के अनुसार कम से कम 7 लोगों की मौत और लगभग 30 लोगों के घायल होने की सूचना है, हालांकि प्रशासन की ओर से अंतिम आधिकारिक आंकड़ों का इंतजार किया जा रहा है।
जिला प्रशासन ने घटना की जांच के आदेश दे दिए हैं। प्रारंभिक आशंका है कि सभा मंडप का निर्माण कार्य पूरी तरह समाप्त नहीं हुआ था या संरचना में किसी प्रकार की कमजोरी हो सकती है। जांच के बाद ही हादसे के वास्तविक कारण स्पष्ट हो पाएंगे।