
जानकारी के अनुसार, रमेश नामक व्यक्ति के गैरेज में टैंकर को सर्विसिंग और मरम्मत के लिए लाया गया था। बताया जाता है कि मरम्मत का कार्य फैयाज कर रहा था। इसी दौरान अचानक जोरदार धमाका हुआ। माना जा रहा है कि टैंकर के भीतर मौजूद ज्वलनशील गैस या रासायनिक वाष्प ने विस्फोट का रूप ले लिया। हालांकि, विस्फोट के वास्तविक कारण की पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही होगी।
विस्फोट की सूचना मिलते ही मुंबई फायर ब्रिगेड, आरसीएफ पुलिस और अन्य आपातकालीन एजेंसियां मौके पर पहुंचीं और राहत कार्य शुरू कर दिया। पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। जांच की जा रही है कि टैंकर में किस प्रकार का रसायन था, क्या सुरक्षा नियमों का पालन किया गया था और क्या मरम्मत के दौरान किसी प्रकार की लापरवाही हुई।
जांच रिपोर्ट आने के बाद ही विस्फोट के वास्तविक कारणों का खुलासा होगा।
बताया यह भी जा रहा है कि जहां टैंकर का विस्फोट हुआ, वहां अन्य कई केमिकल के टैंकर, एलपीजी गैस के टैंकर भी खड़े किए गए थे। इन टैंकरों में विस्फोट का असर पड़ता तो स्थिति बहुत भयावह होती।