4.3 और 3.3 तीव्रता के झटके, लोग घरों से निकलकर आए बाहर; प्रशासन ने कहा- घबराने की जरूरत नहीं
महाराष्ट्र/नासिक : महाराष्ट्र के नासिक जिले में शनिवार देर रात और रविवार तड़के भूकंप के दो झटके महसूस किए गए। भूकंप की तीव्रता इतनी थी कि जिले के कुछ इलाकों में मकानों की दीवारों में दरारें पड़ गईं। हालांकि, किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है।
राष्ट्रीय भूकंप विज्ञान केंद्र (एनसीएस) के अनुसार, शनिवार रात करीब 10 बजे नासिक में 4.3 तीव्रता का भूकंप आया। इसके बाद रविवार सुबह 5 बजकर 33 मिनट पर 3.3 तीव्रता का दूसरा झटका महसूस किया गया। भूकंपीय गतिविधि महाराष्ट्र-गुजरात सीमा के पास हाटगढ़ पर्वत श्रृंखला के निकट भनवड इलाके में जमीन से करीब पांच किलोमीटर की गहराई में दर्ज की गई।
भूकंप के झटके नासिक शहर के अलावा सुरगाणा, कलवण, देवला, चांदवड, पेठ, दिंडोरी और निफाड तहसीलों में भी महसूस किए गए। तेज झटकों के बाद कई इलाकों में लोग घबराकर अपने घरों से बाहर निकल आए।
जिला प्रशासन के अनुसार, सुरगाणा तहसील के भादर और दिंडोरी तहसील के नानाशी में कुछ मकानों की दीवारों में दरारें आई हैं। प्रशासन ने क्षेत्र के बांधों का भी निरीक्षण कराया, लेकिन किसी तरह के नुकसान की पुष्टि नहीं हुई।
जिलाधिकारी आयुष प्रसाद ने लोगों से घबराने और अफवाहों पर विश्वास न करने की अपील की है। उन्होंने कहा कि लोगों को सतर्क रहते हुए सुरक्षा संबंधी सावधानियां बरतनी चाहिए।
गौरतलब है कि नासिक जिले में इससे पहले 25 से 28 जुलाई के बीच और छह अगस्त को भी भूकंप के झटके दर्ज किए गए थे।