मुंबई : मुंबई के जोगेश्वरी स्थित ओबेरॉय स्प्लेंडर सोसायटी में 33 वर्षीय सृष्टि जैन की संदिग्ध मौत के मामले में जांच के दौरान बड़ा और चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। जिस मामले में पहले सृष्टि के पति और ससुर को आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोप में गिरफ्तार किया गया था, अब जांच का रुख पूरी तरह बदल गया है। पुलिस ने सृष्टि के माता-पिता और छोटी बहन के खिलाफ कथित जालसाजी, धोखाधड़ी और आपराधिक साजिश का मामला दर्ज किया है।
पुलिस जांच के अनुसार, सृष्टि की दिसंबर 2025 में 14वीं मंजिल से गिरने के कारण मौत हुई थी। प्रारंभिक शिकायत सृष्टि के पिता ने दर्ज कराई थी, जिसके आधार पर पुलिस ने पति अमित जैन और ससुर के खिलाफ कार्रवाई की थी। बाद में दोनों को अदालत से जमानत मिल गई।
मामले में नया मोड़ तब आया जब सृष्टि की छोटी बहन ने इंदौर की एक अदालत में एक कथित वसीयत (Will) प्रस्तुत की, जिसमें दावा किया गया कि सृष्टि ने अपनी मृत्यु से लगभग 20 दिन पहले अपनी पूरी संपत्ति छोटी बहन के नाम कर दी थी। इस दस्तावेज़ पर संदेह होने पर इसकी फोरेंसिक जांच कराई गई। जांच रिपोर्ट में हस्ताक्षरों को कथित रूप से फर्जी पाया गया। इसके बाद पुलिस को आशंका हुई कि करोड़ों रुपये की संपत्ति पर कब्जा करने के लिए फर्जी वसीयत तैयार की गई थी।
इन तथ्यों के आधार पर मेघवाड़ी पुलिस ने सृष्टि के माता-पिता और छोटी बहन के खिलाफ धोखाधड़ी और आपराधिक साजिश सहित विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस अब यह जांच कर रही है कि कथित फर्जी वसीयत किसने तैयार कराई, इसमें और कौन-कौन शामिल था तथा क्या इसका सृष्टि की मौत से कोई संबंध है। मामले की जांच जारी है।